Tuesday, January 15, 2013

अब और ना इन्तजार कर

उठा ले हथियार, अब तु वार कर  ...
ना और अब,  तु  इंतजार कर  ...
नहीं मानेगे वो, बातो से ...
भुत बने जो,  लातो के ...
एक बार तो  तु एलान कर ,
सबक  उन्हें     सीखादेगे ....
कश्मीर तो अपना ही  ठहरा ,
हम लाहोर पे तिरंगा लहरादेगे ...

47,65,71 और कारगिल वो भूल गये ..
अब उन्हें नयी तारीख याद करादेगे  ...
अपने घर से उसे  बहुत  भगाया ...
अब उसके घर से उसे भगा  देगे ...
उठा ले हथियार, अब तु वार कर  ...
ना और अब,  तु  इंतजार कर  ...

उठा ले हथियार, अब तु वार कर  ...
ना और अब,  तु  इंतजार कर  ...
सिर्फ नाम ही उसका पाक है ...
इरादे उसके बहुत नापाक है ...
अपना  जवाब उसे बताना है ...
उसकी औकात उसे दिखाना है ..

बात है आन, बान और शान की ...
बाज़ी लगनी  है, अब जान की ...
युद्ध   की  है,  अब   ये   घडी ..
सरकार क्यों है, ये चुप खड़ी ...

देश  की    अब  सुरक्षा  को ...
स्वाभिमान की अब रक्षा को...
हथियार अब तुम तान लो ...
बात आज तुम ये मान लो ...

सीने लिए हम भी अब तैयार है ..
अब  तो  बस  तु   वार  कर  ...
कुन्द हुए हथियार में अब धार कर ...
उठा ले हथियार, अब तु वार कर  ...
ना और अब,  तु  इंतजार कर  ...

 जय हिन्द ..

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